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मेरी माँ (Meri Maan)

NCERT Class 6 Hindi • Chapter 6

What is "मेरी माँ (Meri Maan)" about? (Class 6 Hindi)

यह कविता या पाठ माँ के अतुलनीय प्रेम, त्याग और ममता को भावपूर्ण शब्दों में व्यक्त करती है। इसमें माँ को सबसे पहले शिक्षक, सबसे गहरे प्रेम का स्रोत, और जीवन की सबसे बड़ी शक्ति के रूप में चित्रित किया गया है। यह पाठ छात्रों को माँ के प्रति कृतज्ञता और सम्मान की भावना विकसित करने में सहायक है।

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मेरी माँ (Meri Maan): Key Terms & Definitions

ममता
माँ का अपने बच्चे के प्रति वह गहरा और निःस्वार्थ प्रेम जो संसार के किसी भी प्रेम से बढ़कर माना जाता है।
त्याग
किसी प्रिय वस्तु या सुख को दूसरों की भलाई के लिए छोड़ना; माँ अपने बच्चों के लिए सब कुछ त्याग कर देती है।
आश्रय
सुरक्षा और शरण का स्थान; माँ की गोद सबसे सुरक्षित आश्रय मानी जाती है।
कृतज्ञता
किसी के उपकार और प्रेम के लिए आभार और धन्यवाद की भावना।
प्रेरणा
किसी कार्य को करने के लिए मिलने वाली उत्साहवर्धक शक्ति; माँ बच्चों के लिए सबसे बड़ी प्रेरणा होती है।

Frequently Asked Questions

कविता में माँ की किन-किन विशेषताओं का वर्णन है?

कविता में माँ की ममता, अथक परिश्रम, निःस्वार्थ प्रेम, बच्चों के लिए अपना सुख-चैन त्याग देने की वृत्ति, बच्चों को सही राह दिखाने की भूमिका, बीमारी में सेवा करना, और हर कठिनाई में ढाल बनने जैसी विशेषताओं का वर्णन है।

माँ को प्रथम गुरु क्यों कहा जाता है?

माँ को प्रथम गुरु इसलिए कहा जाता है क्योंकि वह बच्चे को पहले बोलना, चलना, और नैतिक मूल्य सिखाती है। वह बच्चे की पहली शिक्षक होती है जो उसे भाषा, संस्कृति, और जीवन के मूलभूत पाठ पढ़ाती है। स्कूल में जाने से पहले ही माँ बच्चे की शिक्षा शुरू कर देती है।

इस कविता की भाषा कैसी है?

इस कविता की भाषा सरल, भावपूर्ण और हृदयस्पर्शी है। इसमें माँ के प्रति गहरे प्रेम को व्यक्त करने के लिए कोमल और मधुर शब्दों का चयन किया गया है। कविता में उपमा, रूपक जैसे अलंकारों का प्रयोग माँ के स्वरूप को और अधिक सजीव बनाता है।

हम अपनी माँ के प्रति कृतज्ञता कैसे दिखा सकते हैं?

हम माँ के प्रति कृतज्ञता उनकी बात मानकर, उनकी मदद करके, पढ़ाई में मन लगाकर, उनसे प्यार से बात करके, उन्हें परेशान न करके, उनकी सेहत का ध्यान रखकर, और उनके सपनों को पूरा करने के लिए कड़ी मेहनत करके दिखा सकते हैं।

साहित्य में माँ की किस प्रकार की छवि मिलती है?

साहित्य में माँ की छवि करुणामयी, त्यागमयी, शक्ति की देवी, और निःस्वार्थ प्रेम के प्रतीक के रूप में मिलती है। हिंदी साहित्य में माँ पर अनेक कविताएँ, कहानियाँ और निबंध लिखे गए हैं जो सभी उसके अतुलनीय प्रेम और महत्त्व को रेखांकित करते हैं।

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