NCERT Class 6 Hindi Chapter 3
पहली बूँद (Pahli Boond)
यह कविता या पाठ प्रकृति के अनुपम सौंदर्य, विशेष रूप से वर्षा की पहली बूँद के महत्त्व को दर्शाता है। इसमें बताया गया है कि कैसे बारिश की पहली बूँद तपती धरती को शीतलता देती है और जीवन का संचार करती है। यह पाठ प्रकृति-प्रेम और जल के महत्त्व के प्रति जागरूकता उत्पन्न करता है।
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Key Terms
- वर्षा
- आकाश से पानी का गिरना, जो पृथ्वी पर जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है।
- प्रकृति
- वह समस्त भौतिक जगत जो मानव द्वारा निर्मित नहीं है, जिसमें पेड़-पौधे, पशु-पक्षी, नदी, पहाड़, आकाश आदि शामिल हैं।
- जल-चक्र
- पानी का वाष्पीकरण, संघनन और वर्षा के रूप में पृथ्वी पर वापस आने का प्राकृतिक चक्र।
- शीतलता
- ठंडक और सुकून देने वाला अनुभव जो वर्षा की बूँदें गर्मी में लाती हैं।
- जीवनदायिनी
- जीवन प्रदान करने वाली; वर्षा को जीवनदायिनी कहा जाता है क्योंकि इससे खेत, नदियाँ, और जीव-जंतु जीवित रहते हैं।
Frequently Asked Questions
पहली बूँद का क्या महत्त्व है?▾
पहली बूँद का महत्त्व इसलिए विशेष है क्योंकि लंबे इंतजार के बाद जब पहली वर्षा होती है तो तपती धरती को राहत मिलती है, किसानों में उत्साह जागता है, पेड़-पौधे हरे-भरे हो जाते हैं, और वातावरण में एक नई ताजगी आ जाती है। पहली बूँद आशा और नई शुरुआत का प्रतीक है।
इस पाठ में जल के महत्त्व को किस प्रकार दर्शाया गया है?▾
पाठ में दिखाया गया है कि जल के बिना जीवन संभव नहीं है। वर्षा की पहली बूँद से धरती, पेड़-पौधे, पशु-पक्षी और मानव सभी को जीवन मिलता है। किसान के लिए वर्षा उसकी फसल का आधार है। जल पृथ्वी पर सबसे कीमती संसाधन है।
कविता में प्रकृति का वर्णन कैसा है?▾
कविता में प्रकृति का वर्णन अत्यंत सजीव और मनोरम है। वर्षा की बूँदों का धरती पर पड़ना, मिट्टी की सोंधी महक, पेड़-पौधों का झूमना, और जीव-जंतुओं की प्रसन्नता का चित्रण बहुत ही भावपूर्ण भाषा में किया गया है।
जल संरक्षण क्यों जरूरी है?▾
जल संरक्षण जरूरी है क्योंकि पृथ्वी पर पीने योग्य स्वच्छ जल की मात्रा सीमित है, बढ़ती जनसंख्या और औद्योगीकरण से जल की माँग बढ़ रही है, भूजल का स्तर घट रहा है, और जलवायु परिवर्तन से अनियमित वर्षा हो रही है। इसलिए जल बचाना हमारी जिम्मेदारी है।
इस पाठ से हमें क्या सीख मिलती है?▾
इस पाठ से हमें प्रकृति से प्रेम करने, जल को व्यर्थ न बहाने, वर्षा जल का संचयन करने, पेड़-पौधे लगाने, और पर्यावरण की रक्षा करने की प्रेरणा मिलती है। छोटी-छोटी बूँदें मिलकर बड़े परिवर्तन ला सकती हैं – यह संदेश भी इस पाठ में निहित है।
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